राजधानी चौपाल, चंडीगढ़। हरियाणा के लोगों के लिए नमो भारत ट्रेन (Railway news Namo bharat) को लेकर बड़ी अपडेट सामने आई है। दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में रैपिड रेल नेटवर्क (RRTS) के विस्तार की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है।
इसी कड़ी में रोहतक, पानीपत, रेवाड़ी और बावल समेत कई शहरों को दिल्ली से जोड़ने की योजना तैयार की गई है। माना जा रहा है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद लाखों यात्रियों का सफर पहले से कहीं ज्यादा तेज और सुविधाजनक हो जाएगा।
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) ने चार नए कॉरिडोर की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) सरकार को सौंप दी है। इनमें दिल्ली-अलवर, दिल्ली-बावल और गाजियाबाद-नोएडा एयरपोर्ट जैसे महत्वपूर्ण रूट शामिल हैं।
दिल्ली-एनसीआर में बनेंगे 8 बड़े रैपिड रेल कॉरिडोर
एनसीआर मास्टर प्लान-2032 के तहत दिल्ली-एनसीआर में कुल आठ हाई-स्पीड कॉरिडोर प्रस्तावित हैं। इनमें प्रमुख रूट इस प्रकार हैं—
- दिल्ली-गुरुग्राम-रेवाड़ी-अलवर
- दिल्ली-सोनीपत-पानीपत
- दिल्ली-बहादुरगढ़-रोहतक
- दिल्ली-फरीदाबाद-पलवल
- दिल्ली-गुरुग्राम-एसएनबी-बावल
- दिल्ली-शाहदरा-बड़ौत
- गाजियाबाद-खुर्जा
- गाजियाबाद-हापुड़
इन कॉरिडोर के बनने से हरियाणा, राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
रोहतक, पानीपत और रेवाड़ी को मिलेगा सीधा फायदा
नए रूट शुरू होने के बाद हरियाणा के करीब 20 बड़े शहर दिल्ली-एनसीआर से सीधे जुड़ जाएंगे। गुरुग्राम, मानेसर, धारूहेड़ा, रेवाड़ी और बावल जैसे औद्योगिक क्षेत्रों को इसका सबसे ज्यादा लाभ मिलने की उम्मीद है।
दिल्ली से हरियाणा के इन शहरों तक नमो भारत ट्रेन की अधिकतम गति 160 किलोमीटर प्रति घंटा तक हो सकती है। इससे रोजाना आने-जाने वाले कर्मचारियों, व्यापारियों और छात्रों का समय बचेगा।
दिल्ली-बावल रूट पर सफर होगा आधे समय में
फिलहाल दिल्ली से मानेसर और बावल पहुंचने में एनएच-48 पर ट्रैफिक जाम के कारण करीब ढाई घंटे लग जाते हैं। नमो भारत सेवा शुरू होने के बाद यही दूरी लगभग 50 से 60 मिनट में तय की जा सकेगी।
इससे—
- दिल्ली-जयपुर हाईवे पर ट्रैफिक दबाव कम होगा।
- खेड़की दौला और सिरहौल बॉर्डर के जाम से राहत मिलेगी।
- मानेसर और बावल के औद्योगिक क्षेत्रों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
- कर्मचारियों और मजदूरों का दैनिक सफर आसान होगा।
दिल्ली में कहां होंगे प्रमुख स्टेशन
दिल्ली में नमो भारत नेटवर्क का मुख्य केंद्र सराय काले खां होगा। इसके अलावा कई बड़े इंटरचेंज स्टेशन बनाए जाने की योजना है—
- सराय काले खां
- आईएनए
- मुनिरका
- एयरोसिटी
ये स्टेशन दिल्ली मेट्रो, रेलवे स्टेशन और इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से जुड़े होंगे।
हरियाणा के इन शहरों से गुजरेगा रूट
प्रस्तावित रूट हरियाणा के कई महत्वपूर्ण शहरों और औद्योगिक क्षेत्रों से होकर गुजर सकता है—
- उद्योग विहार
- गुरुग्राम सेक्टर-17
- राजीव चौक
- खेड़की दौला
- मानेसर
- पंचगांव
- बिलासपुर चौक
- धारूहेड़ा
- रेवाड़ी
- बावल
दिल्ली-अलवर कॉरिडोर की खास बातें
दिल्ली से अलवर तक प्रस्तावित नमो भारत कॉरिडोर करीब 164 किलोमीटर लंबा होगा। यह रूट दिल्ली, हरियाणा और राजस्थान को जोड़ेगा।
मुख्य विशेषताएं:
- कुल लंबाई: 164 किलोमीटर
- प्रस्तावित स्टेशन: 22
- अधिकतम गति: 160 किमी प्रति घंटा
- यात्रा समय: लगभग 100 से 110 मिनट
यह कॉरिडोर गुरुग्राम, मानेसर, धारूहेड़ा, रेवाड़ी और नीमराना होते हुए अलवर तक जाएगा।
शाहजहांपुर-नीमराना-बहरोड़ कॉरिडोर भी योजना में
दिल्ली से शाहजहांपुर, नीमराना और बहरोड़ तक करीब 107 किलोमीटर लंबा कॉरिडोर भी प्रस्तावित है। इस परियोजना का उद्देश्य दिल्ली-जयपुर हाईवे के ट्रैफिक दबाव को कम करना और राजस्थान के औद्योगिक क्षेत्रों को तेज परिवहन सुविधा देना है।
क्या होगा सबसे बड़ा फायदा?
अगर ये परियोजनाएं मंजूरी के बाद तय समय पर पूरी होती हैं, तो हरियाणा के लाखों लोगों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक परिवहन सुविधा मिलेगी। इससे न केवल यात्रा का समय घटेगा, बल्कि औद्योगिक निवेश, रोजगार और व्यापार को भी नई रफ्तार मिलेगी।