राजधानी चौपाल, चंडीगढ़। हरियाणा सरकार की कैबिनेट बैठक में मंगलवार को कई बड़े और अहम फैसलों को मंजूरी दी गई। हरियाणा (Haryana news) मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में सचिवालय में करीब साढ़े तीन घंटे तक चली बैठक में 26 एजेंडों पर चर्चा हुई, जिनमें से 22 प्रस्तावों को मंजूरी दे दी गई।
कैबिनेट के सबसे बड़े फैसलों में प्रॉपर्टी टैक्स की नई व्यवस्था शामिल है। अब नगर निगम, नगर परिषद और नगर पालिका क्षेत्रों में संपत्तियों का टैक्स नई प्रणाली के तहत तय किया जाएगा। शहरों को A1, A2, B और C श्रेणियों में बांटा जाएगा। प्रॉपर्टी टैक्स का निर्धारण प्लॉट या कारपेट एरिया, कलेक्टर रेट और फ्लोर फैक्टर के आधार पर होगा। वहीं नगरपालिका सीमा में शामिल मौजूदा गांवों के लाल डोरा क्षेत्र के आवासीय मकानों को प्रॉपर्टी टैक्स में 75 प्रतिशत की छूट मिलेगी।
Haryana news : महिलाओं को संपत्तियों में 25 प्रतिशत रियायत
महिलाओं के नाम पर दर्ज संपत्तियों को प्रॉपर्टी टैक्स में 25 प्रतिशत और दिव्यांगों की संपत्तियों को 10 प्रतिशत की रियायत दी जाएगी। इसके अलावा कचरा प्रबंधन व्यवस्था अपनाने वाली हाउसिंग सोसायटियों को भी 10 प्रतिशत की छूट मिलेगी।
कैबिनेट ने पूर्व अग्निवीरों को भी बड़ी राहत दी है। हरियाणा के पूर्व अग्निवीरों को इंडियन रिजर्व बटालियन यानी IRB, SDRF, फायरमैन और वाइल्डलाइफ गार्ड के पदों पर सीधी भर्ती में 20 प्रतिशत हॉरिजॉन्टल रिजर्वेशन मिलेगा। इससे पहले सरकार पुलिस कांस्टेबल सहित कई अन्य पदों पर भी अग्निवीरों के लिए आरक्षण की व्यवस्था कर चुकी है।
इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने वालों के लिए भी बड़ी घोषणा की गई है। 30 लाख रुपये तक कीमत वाले टू-व्हीलर, थ्री-व्हीलर और फोर-व्हीलर EV के पंजीकरण पर मोटर वाहन कर में 100 प्रतिशत छूट दी जाएगी। वहीं 30 लाख रुपये से अधिक कीमत वाले इलेक्ट्रिक वाहनों पर 50 प्रतिशत टैक्स छूट मिलेगी। महिलाओं के नाम पर पंजीकृत 20 लाख रुपये तक के नॉन-ट्रांसपोर्ट वाहनों पर एक प्रतिशत अतिरिक्त कर छूट भी दी जाएगी।
Haryana news : लाल डोरा क्षेत्र पर काबिज लोगों को मालिकाना हक
इसके अलावा ग्रामीण लाल डोरा क्षेत्रों में लंबे समय से काबिज लोगों को मकानों का कानूनी मालिकाना हक देने का फैसला लिया गया है। कैबिनेट ने पटवारियों की ट्रेनिंग अवधि डेढ़ साल से घटाकर एक साल करने और ट्रेनिंग के दौरान पूरा नियमित वेतन देने को भी मंजूरी दी है।
हरियाणा सरकार ने MSME और एक्सपोर्ट प्रमोशन पॉलिसी-2026 के तहत अगले पांच वर्षों में 55 हजार करोड़ रुपये से अधिक निवेश और पांच लाख नए रोजगार सृजित करने का लक्ष्य भी रखा है।